चांपा के सरस्वती शिशु मंदिर में नए शैक्षणिक सत्र के लिए प्रवेश प्रारंभ, शिक्षा के साथ संस्कार और आधुनिक सुविधाओं पर विशेष जोर

चांपा। शहर के प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान सरस्वती शिशु मंदिर, चांपा में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। विद्यालय प्रबंधन ने अभिभावकों से समय रहते अपने बच्चों का प्रवेश सुनिश्चित कराने की अपील की है। विद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना ही नहीं, बल्कि उनमें भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति की भावना का विकास करना भी है। इसी सोच को विद्यालय ने अपने संदेश “शिक्षा भी… संस्कार भी!” के माध्यम से अभिव्यक्त किया है।
विद्यालय में प्री-नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक प्रवेश दिया जा रहा है। उच्च कक्षाओं में विज्ञान, गणित, वाणिज्य और कला संकाय की शिक्षा उपलब्ध है। विद्यालय में अनुभवी एवं प्रशिक्षित शिक्षकों द्वारा आधुनिक शिक्षण पद्धति के माध्यम से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान दिया जाता है।
विद्यालय प्रबंधन के अनुसार छात्रों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए स्मार्ट क्लास, कंप्यूटर शिक्षा, समृद्ध पुस्तकालय, स्पोकन इंग्लिश की नियमित कक्षाएं, रोबोटिक्स लैब, संगीत एवं सांस्कृतिक गतिविधियां, खेलकूद प्रशिक्षण, प्ले-स्कूल सुविधा, स्वच्छ एवं सुरक्षित परिसर, परिवहन सुविधा तथा राष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतियोगिताओं (एस.जी.एफ.आई.) में भागीदारी जैसी अनेक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। इसके साथ ही प्रत्येक विद्यार्थी के व्यक्तित्व विकास और संस्कार निर्माण पर भी विशेष बल दिया जाता है।
विद्यालय का शैक्षणिक प्रदर्शन भी लगातार उत्कृष्ट रहा है। छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल परीक्षा 2026 में विद्यालय की छात्रा बहिन खुशबू देवांगन ने 96.4 प्रतिशत अंक प्राप्त कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया और विद्यालय सहित पूरे क्षेत्र का नाम गौरवान्वित किया। विद्यालय प्रबंधन ने इसे विद्यार्थियों की मेहनत और शिक्षकों के समर्पण का परिणाम बताया है।
प्रबंधन का कहना है कि नए सत्र के लिए प्रवेश प्रक्रिया जारी है और सीटें सीमित हैं। इसलिए अभिभावक समय रहते अपने बच्चों का प्रवेश सुनिश्चित कर सकते हैं। प्रवेश एवं अन्य जानकारी के लिए इच्छुक अभिभावक 9425231220 और 9827979483 पर संपर्क कर सकते हैं।
विद्यालय प्रबंधन ने क्षेत्र के अभिभावकों से अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए सरस्वती शिशु मंदिर, चांपा में प्रवेश दिलाने की अपील करते हुए कहा कि यहां विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा के साथ संस्कार, अनुशासन, व्यक्तित्व विकास और आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षण का समन्वित वातावरण उपलब्ध कराया जाता है।
