श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या धाम में महेश राठौर ने किया 52वीं बार रक्तदान, मिला राष्ट्रीय सेवा रत्न सम्मान

जांजगीर-चांपा। रक्तदान को मानव सेवा का सबसे पुनीत माध्यम मानते हुए रक्तदाता क्रांति समूह के संस्थापक महेश कुमार राठौर ने श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या धाम में 52वीं बार रक्तदान कर सेवा और समर्पण की मिसाल पेश की। रामकृष्ण सेवा फाउंडेशन द्वारा आयोजित राष्ट्रीय रक्तदान महोत्सव में उन्होंने रक्तदान करते हुए जरूरतमंदों के जीवन को बचाने के इस अभियान को और मजबूती दी।
इस अवसर पर महेश राठौर ने कहा कि रक्तदान केवल एक सामाजिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि मानवता की सेवा का ऐसा कार्य है, जिसका प्रत्यक्ष लाभ किसी जरूरतमंद की जिंदगी बचाने में मिलता है। उन्होंने लोगों से भी नियमित रक्तदान के लिए आगे आने की अपील की।
महेश राठौर की रक्तदान यात्रा वर्ष 2009 से निरंतर जारी है। अपने व्यस्त समय और व्यक्तिगत प्रयासों को मानव सेवा के लिए समर्पित करते हुए वे अब तक 52 बार रक्तदान कर चुके हैं। उनके इस सेवाभावी योगदान और निरंतर सक्रियता को देखते हुए रामकृष्ण सेवा फाउंडेशन अयोध्या धाम की ओर से उन्हें राष्ट्रीय सेवा रत्न सम्मान से सम्मानित किया गया।
संस्था प्रमुख आकाश गुप्ता, राजेश चौबे और ब्लड मैन आलोक अग्रवाल ने महेश राठौर को सम्मानित किया।
इस उपलब्धि पर अशोक तिवारी, चन्द्रकुमार राठौर, रिंकू अग्रवाल, दीपक यादव, जितेन्द्र देवांगन, मनीष राठौर, सीमा राठौर, ज्योति श्रीवास, गिरजा शंकर राठौर, भुनेश्वर राठौर, अमर महंत, लोमश बरेठ, नरेन्द्र साहू, संतोष साहू, रामनाथ साहू सहित अनेक सामाजिक कार्यकर्ताओं ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं।
महेश राठौर का यह निरंतर प्रयास समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ युवाओं को मानव सेवा के लिए प्रेरित करने वाला उदाहरण बन रहा है।
